Jamshedpur News : जमशेदपुर में डेढ़ करोड़ रुपये का पन्ना बरामद, पूर्वी सिंहभूम पुलिस ने तीन अंतरजिला तस्करों को किया गिरफ्तार

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Jamshedpur News : बहरागोड़ा बस स्टैंड के पास पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 1.095 किलोग्राम पन्ना, दो बाइक, तीन मोबाइल और नकदी बरामद; तस्करी के पूरे नेटवर्क की जांच तेज

Jamshedpur News ; जमशेदपुर के बहरागोड़ा में पूर्वी सिंहभूम पुलिस ने 1.095 किलोग्राम पन्ना के साथ तीन अंतरजिला तस्करों को गिरफ्तार किया। बरामद पन्ना की कीमत करीब 1.5 करोड़ रुपये बताई जा रही है। पुलिस पूरे तस्करी नेटवर्क की जांच में जुटी है।

झारखंड के जमशेदपुर में पूर्वी सिंहभूम पुलिस ने खनिज तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल करते हुए करीब डेढ़ करोड़ रुपये मूल्य के पन्ना (एमराल्ड) के साथ तीन अंतरजिला तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बहरागोड़ा बस स्टैंड के समीप छापेमारी कर 1.095 किलोग्राम (1095 ग्राम) पन्ना बरामद किया। इस कार्रवाई के दौरान दो मोटरसाइकिल, तीन एंड्रॉयड मोबाइल फोन और नकद राशि भी जब्त की गई है। पुलिस का मानना है कि यह कार्रवाई खनिज तस्करी के एक बड़े नेटवर्क तक पहुंचने में अहम साबित हो सकती है।

रविवार को आयोजित प्रेसवार्ता में ग्रामीण एसपी शुभम खंडेलवाल ने पूरे मामले की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि बहरागोड़ा बस स्टैंड के आसपास कुछ तस्कर भारी मात्रा में पन्ना की खरीद-बिक्री करने वाले हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल विशेष रणनीति तैयार की गई और कार्रवाई शुरू कर दी गई।

गुप्त सूचना के आधार पर बनाई गई विशेष टीम

ग्रामीण एसपी ने बताया कि वरीय पुलिस अधीक्षक को विश्वसनीय स्रोतों से सूचना प्राप्त हुई थी कि अंतरजिला तस्करों का एक गिरोह बहरागोड़ा क्षेत्र में सक्रिय है और बड़ी मात्रा में बहुमूल्य खनिज की खरीद-बिक्री की तैयारी कर रहा है। सूचना मिलते ही घाटशिला अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया।

इस टीम में अनुभवी पुलिस अधिकारियों और जवानों को शामिल किया गया, जिन्होंने योजनाबद्ध तरीके से बहरागोड़ा बस स्टैंड और उसके आसपास के क्षेत्रों में निगरानी शुरू की। पुलिस ने संदिग्ध गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए रखी और सही समय का इंतजार किया।

पुलिस को देखते ही भागने लगे आरोपी

निगरानी के दौरान पुलिस ने देखा कि दो अलग-अलग दोपहिया वाहनों पर सवार तीन युवक बस स्टैंड के समीप पहुंचे। पुलिस टीम को देखते ही तीनों घबरा गए और मौके से भागने का प्रयास करने लगे। हालांकि पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए उनका पीछा किया और कुछ ही दूरी पर तीनों को पकड़ लिया।

गिरफ्तार किए गए आरोपियों की तलाशी लेने के साथ ही उनके वाहनों की भी जांच की गई। इसी दौरान एक यामाहा स्कूटी की डिक्की से प्लास्टिक में पैक किया गया 1.095 किलोग्राम पन्ना बरामद हुआ। प्रारंभिक जांच में बरामद पन्ना की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब डेढ़ करोड़ रुपये आंकी गई है।

तीनों आरोपियों की हुई पहचान

पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विनय पातर (50 वर्ष), सिद्धेश्वर कालिन्दी (45 वर्ष) और स्नेहाशिष मंगराज (44 वर्ष) के रूप में की है।

  • विनय पातर – निवासी मुराकाटी, थाना गुड़ाबांदा
  • सिद्धेश्वर कालिन्दी – निवासी मुराकाटी, थाना गुड़ाबांदा
  • स्नेहाशिष मंगराज – निवासी खांड़देवली, थाना श्यामसुंदरपुर

प्रारंभिक पूछताछ में पुलिस आरोपियों की आपसी भूमिका और तस्करी से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।

मोबाइल, बाइक और नकदी भी जब्त

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कई महत्वपूर्ण सामान भी बरामद किए हैं। इनमें तीन एंड्रॉयड मोबाइल फोन, झारखंड और ओडिशा नंबर की दो मोटरसाइकिल तथा 2300 रुपये नकद शामिल हैं।

जांच एजेंसियां अब मोबाइल फोन के कॉल डिटेल, चैट रिकॉर्ड, संपर्क सूत्रों और डिजिटल डेटा की जांच करेंगी। इससे तस्करी गिरोह के अन्य सदस्यों और संभावित खरीदारों तक पहुंचने में मदद मिलने की संभावना है।

कहां से आया पन्ना, किसे होना था सप्लाई?

पुलिस अब इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि बरामद पन्ना आखिर कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई किसे की जानी थी। इसके अलावा यह भी जांच की जा रही है कि क्या यह गिरोह लंबे समय से झारखंड और पड़ोसी राज्यों में सक्रिय था।

जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन लोग शामिल हैं तथा इस नेटवर्क का संचालन किस स्तर से किया जा रहा था। पुलिस को उम्मीद है कि आरोपियों से पूछताछ के दौरान कई अहम जानकारियां सामने आएंगी।

खनिज तस्करी पर पुलिस की सख्त नजर

पूर्वी सिंहभूम पुलिस लगातार अवैध खनन और खनिज तस्करी के खिलाफ अभियान चला रही है। हाल के दिनों में पुलिस और प्रशासन ने कई मामलों में कार्रवाई कर अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने का प्रयास किया है। इस कार्रवाई को भी उसी अभियान की बड़ी सफलता माना जा रहा है।

विशेषज्ञों का मानना है कि बहुमूल्य खनिजों की अवैध तस्करी केवल आर्थिक अपराध नहीं बल्कि प्राकृतिक संसाधनों की चोरी भी है। ऐसे मामलों में अंतरराज्यीय गिरोहों की भूमिका होने की संभावना रहती है, इसलिए पुलिस अन्य राज्यों की एजेंसियों से भी समन्वय स्थापित कर सकती है।

न्यायिक प्रक्रिया शुरू, नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश

पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर न्यायिक प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही बरामद पन्ना को जब्त कर सुरक्षित रखा गया है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की परतें खोलने में जुटी है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस तस्करी से जुड़े अन्य लोग कहां सक्रिय हैं।

ग्रामीण एसपी ने कहा कि पुलिस की जांच लगातार जारी है और पूछताछ के आधार पर आगे भी कई महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना है। यदि नेटवर्क के अन्य सदस्यों की पहचान होती है तो उनके खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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