Jamshedpur News : टाटा स्टील में 1 जनवरी 2028 से कर्मचारियों की गाड़ियों की इंट्री बंद, शुरू हुई शटल बस सेवा

---Advertisement---

Jamshedpur News : जमशेदपुर प्लांट में सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने की तैयारी, कर्मचारियों के लिए पार्किंग से कंपनी परिसर तक चलेगी शटल बस

Jamshedpur News : टाटा स्टील जमशेदपुर प्लांट में 1 जनवरी 2028 से कर्मचारियों के दोपहिया और चार पहिया वाहनों की इंट्री बंद करने की तैयारी की जा रही है। कंपनी ने इसकी फिजिबिलिटी स्टडी पूरी कर ली है। प्रयोग के तौर पर कर्मचारियों के लिए शटल बस सेवा शुरू कर दी गई है।

Jamshedpur News : जमशेदपुर स्थित टाटा स्टील प्लांट में कर्मचारियों के आवागमन को लेकर आने वाले समय में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। कंपनी प्रबंधन ने सड़क सुरक्षा, ट्रैफिक दबाव और प्लांट परिसर में वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करने के उद्देश्य से कर्मचारियों के निजी वाहनों की इंट्री बंद करने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। प्रस्तावित व्यवस्था के अनुसार 1 जनवरी 2028 से टाटा स्टील जमशेदपुर प्लांट में कर्मचारियों के दोपहिया और चार पहिया वाहनों की इंट्री बंद कर दी जाएगी।

इस संबंध में कंपनी की सेफ्टी एपेक्स कमेटी की बैठक में प्रेजेंटेशन भी दिया जा चुका है। नई व्यवस्था को लागू करने से पहले प्रबंधन की ओर से आवश्यक तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। कंपनी का उद्देश्य कर्मचारियों को परेशानी से बचाते हुए ऐसी व्यवस्था तैयार करना है, जिसमें वे अपने वाहन को प्लांट के बाहर निर्धारित पार्किंग में खड़ा कर सकें और वहां से शटल बस के माध्यम से कंपनी परिसर के अंदर अपने कार्यस्थल तक पहुंच सकें।

नई व्यवस्था की शुरुआत प्रयोग के तौर पर कर दी गई है। गुरुवार से कंपनी की ओर से कर्मचारियों के लिए शटल बस सेवा शुरू की गई। बताया गया कि पुराना केरला समाजम मॉडल स्कूल के पास खोले गए कार्यालय की शिफ्टिंग के कारण कर्मचारियों को लाने-ले जाने के लिए इस बस सेवा का संचालन शुरू किया गया है।

इस व्यवस्था के तहत कर्मचारी अपनी गाड़ियां साकची के पास निर्धारित पार्किंग एरिया में खड़ी करेंगे। इसके बाद कंपनी की बस उन्हें प्लांट के भीतर उनके निर्धारित स्थान तक पहुंचाएगी। शुरुआत में यह सुविधा सीमित स्तर पर शुरू की गई है, लेकिन आने वाले समय में इसे धीरे-धीरे कंपनी के सभी विभागों के कर्मचारियों के लिए लागू करने की योजना है।

इससे कर्मचारियों को निजी वाहन लेकर कंपनी परिसर में प्रवेश करने की जरूरत नहीं पड़ेगी और प्लांट के अंदर वाहनों की संख्या को नियंत्रित किया जा सकेगा।

कर्मचारियों के निजी वाहनों की इंट्री बंद करने से पहले टाटा स्टील प्रबंधन ने इसकी फिजिबिलिटी स्टडी पूरी कर ली है। कंपनी ने जमशेदपुर प्लांट के चारों प्रमुख गेटों पर वाहनों की वास्तविक आवाजाही का विस्तृत आंकड़ा जुटाया है।

अध्ययन का उद्देश्य यह पता लगाना है कि अलग-अलग शिफ्ट में कितने कर्मचारी अपने दोपहिया या चार पहिया वाहनों से प्लांट में प्रवेश करते हैं। इसके आधार पर पार्किंग की क्षमता, बसों की संख्या और उनके रूट को अंतिम रूप दिया जाएगा।

कंपनी प्रबंधन का मानना है कि वैज्ञानिक तरीके से तैयार की जा रही इस व्यवस्था से प्लांट परिसर में ट्रैफिक का दबाव कम होगा। इसके साथ ही सड़क दुर्घटनाओं की संभावना भी कम की जा सकेगी। वाहनों की संख्या कम होने से प्लांट के अंदर बड़ी गाड़ियों और औद्योगिक वाहनों का परिचालन भी अपेक्षाकृत सुचारु हो सकेगा।

वर्तमान में टाटा स्टील के जमशेदपुर प्लांट में लगभग 10 हजार स्थायी कर्मचारी कार्यरत हैं। इनमें बड़ी संख्या ऐसे कर्मचारियों की है, जो रोजाना दोपहिया वाहनों से कंपनी आते-जाते हैं। वहीं, कुछ कर्मचारी चार पहिया वाहनों का भी इस्तेमाल करते हैं।

नई व्यवस्था लागू होने के बाद इन कर्मचारियों को अपने निजी वाहनों के लिए प्लांट के बाहर विकसित की जाने वाली पार्किंग का इस्तेमाल करना होगा। इसके बाद कंपनी द्वारा उपलब्ध कराई जाने वाली शटल बसों के जरिए कर्मचारी प्लांट के अंदर पहुंचेंगे।

गौरतलब है कि ठेका कर्मचारियों के लिए पहले से ही शटल बस सेवा उपलब्ध है। अब इसी तरह की परिवहन व्यवस्था को स्थायी कर्मचारियों के लिए भी विस्तार देने की तैयारी की जा रही है।

फिजिबिलिटी स्टडी के तहत कंपनी यह भी पता लगा रही है कि ए, बी, सी और जनरल शिफ्ट में कितने दोपहिया और चार पहिया वाहन प्लांट के अंदर प्रवेश करते हैं। शिफ्टवार आंकड़े के आधार पर यह तय किया जाएगा कि अलग-अलग समय पर कितनी बसों की जरूरत होगी।

कंपनी प्रबंधन के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह है कि हजारों कर्मचारियों के आवागमन को बिना किसी व्यवधान के संचालित किया जाए। इसलिए शटल बसों की संख्या, उनके रूट और समय-सारणी को कर्मचारियों की शिफ्ट के अनुरूप तैयार किया जाएगा।

नई परिवहन व्यवस्था की तैयारी में कर्मचारियों के निवास और आवागमन से जुड़े आंकड़े भी जुटाए जा रहे हैं। कंपनी यह जानकारी एकत्र कर रही है कि बिष्टुपुर, टेल्को, जुगसलाई, मानगो और आदित्यपुर जैसे इलाकों से कितने कर्मचारी रोजाना प्लांट पहुंचते हैं।

इसका मकसद यह तय करना है कि इन क्षेत्रों से कर्मचारियों के लिए बस सेवा किस प्रकार शुरू की जा सकती है। कर्मचारियों की संख्या और उनके आवागमन के पैटर्न के आधार पर अलग-अलग क्षेत्रों के लिए बस रूट निर्धारित किए जाएंगे।

नई व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण हिस्सा प्लांट के प्रमुख प्रवेश द्वारों के बाहर पार्किंग व्यवस्था विकसित करना है। प्रबंधन यह आकलन कर रहा है कि प्रत्येक गेट के बाहर कितनी पार्किंग क्षमता की जरूरत होगी।

इसके लिए अलग-अलग शिफ्ट में आने वाले कर्मचारियों की संख्या, उनके वाहनों की संख्या और क्षेत्रवार आवागमन का डेटा तैयार किया जा रहा है। पार्किंग तैयार होने के बाद कर्मचारियों को वहां अपने वाहन सुरक्षित तरीके से खड़े करने की सुविधा मिलेगी।

इसके बाद पार्किंग स्थल से कंपनी परिसर के अंदर जाने के लिए शटल बसों का संचालन किया जाएगा।

कर्मचारियों को समय पर उनके कार्यस्थल तक पहुंचाने के लिए बसों के रूट और समय-सारणी भी तैयार की जाएगी। शिफ्ट शुरू होने और समाप्त होने के समय कर्मचारियों की अधिक संख्या को देखते हुए बसों की फ्रीक्वेंसी तय की जाएगी।

प्रबंधन यह सुनिश्चित करने की कोशिश कर रहा है कि नई व्यवस्था के कारण कर्मचारियों को कंपनी पहुंचने में अतिरिक्त परेशानी न हो। इसके लिए शटल बसों का संचालन कर्मचारियों की शिफ्ट के अनुसार किया जाएगा।

कुल मिलाकर, 1 जनवरी 2028 से निजी वाहनों की इंट्री बंद करने की योजना टाटा स्टील जमशेदपुर के ट्रैफिक और सेफ्टी सिस्टम में बड़ा बदलाव होगी। फिलहाल कंपनी प्रयोग के तौर पर बस सेवा शुरू कर व्यवस्था की व्यवहारिकता को परख रही है। आने वाले समय में इसके विस्तार और संचालन से जुड़े अन्य पहलुओं को अंतिम रूप दिया जाएगा।

कंपनी का मुख्य लक्ष्य प्लांट परिसर में ट्रैफिक दबाव कम करना, सड़क सुरक्षा को मजबूत करना और कर्मचारियों के लिए व्यवस्थित एवं सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित करना है।

JAMSHEDPUR MIRROR TEAM

The Jamshedpur Mirror Team is a group of passionate journalists, writers, and editors dedicated to delivering accurate, reliable, and impactful news from Jamshedpur and beyond. With a strong focus on community-driven journalism, the team covers local events, social issues, development stories, culture, business, and current affairs that shape everyday life.

Join Facebook

Join Now

Join Instagram

Join Now

और पढ़ें

Leave a Comment