Jamshedpur News : एसआईटी ने एमजीएम अस्पताल के पास घेराबंदी कर पकड़े आरोपी, 33 मोबाइल, दो चोरी की स्कूटी, सोने-चांदी के आभूषण और वारदात में इस्तेमाल बाइक बरामद
Jamshedpur News : जमशेदपुर पुलिस ने चोरी और छिनतई के मामलों में बड़ी सफलता हासिल करते हुए पांच शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। एसआईटी ने 33 मोबाइल फोन, दो चोरी की स्कूटी, सोने-चांदी के आभूषण और वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल बरामद की है।
Jamshedpur News : जमशेदपुर पुलिस को शहर में लगातार बढ़ रही चोरी और छिनतई की घटनाओं के खिलाफ बड़ी कामयाबी मिली है। वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी और छिनतई में इस्तेमाल किए गए सामान के साथ 33 मोबाइल फोन, दो चोरी की स्कूटी, एक मोटरसाइकिल तथा सोने-चांदी के कई आभूषण बरामद किए हैं।
पुलिस का दावा है कि गिरफ्तार अपराधी लंबे समय से शहर के विभिन्न थाना क्षेत्रों में संगठित तरीके से मोबाइल, पर्स, चेन और दोपहिया वाहनों की चोरी एवं छिनतई की वारदातों को अंजाम दे रहे थे। इस कार्रवाई को शहर में सक्रिय अपराधी गिरोह पर बड़ी चोट माना जा रहा है।
पुलिस के अनुसार, एमजीएम अस्पताल के आसपास कुछ अपराधियों के एकत्रित होने और बड़ी चोरी या छिनतई की वारदात को अंजाम देने की योजना बनाने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस उपाधीक्षक पटमदा दयानंद कुमार के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया।

टीम ने एमजीएम अस्पताल परिसर के आसपास रणनीतिक घेराबंदी की। जैसे ही संदिग्ध युवक वहां पहुंचे, पुलिस ने उन्हें चारों ओर से घेरकर दबोच लिया। पूछताछ के दौरान सभी आरोपियों ने कई वारदातों में अपनी संलिप्तता स्वीकार की।

पुलिस ने जिन पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उनकी पहचान इस प्रकार हुई है:
- तुषार कालिंदी उर्फ तुषार भाई (बागुनहातु)
- सन्नी कालिंदी उर्फ नंदू
- लक्ष्मण बागती
- आकाश दत्ता उर्फ चेपा
- सावन देवगम उर्फ बच्चा
पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह अलग-अलग इलाकों में सक्रिय होकर सुनसान स्थानों, अस्पताल परिसर, बस स्टैंड और भीड़भाड़ वाले बाजारों को निशाना बनाता था।
गिरफ्तार अपराधियों से हुई पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे जमशेदपुर के विभिन्न थाना क्षेत्रों में संगठित तरीके से:
- मोबाइल चोरी
- पॉकेटमारी
- महिलाओं से चेन एवं लॉकेट छिनतई
- पर्स चोरी
- मोटरसाइकिल एवं स्कूटी चोरी
जैसी घटनाओं को अंजाम देते थे।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर एमजीएम थाना क्षेत्र के छह अलग-अलग मामलों का सफल उद्भेदन किया है।
एसआईटी की कार्रवाई के दौरान बरामद सामान ने पुलिस को भी हैरान कर दिया। आरोपियों के पास से विभिन्न कंपनियों के कुल 33 मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
बरामद मोबाइल में शामिल प्रमुख ब्रांड
- iPhone
- Vivo
- Oppo
- Realme
- Samsung
- अन्य कंपनियों के स्मार्टफोन
पुलिस अब इन मोबाइलों के वास्तविक मालिकों की पहचान करने में जुटी है। जिन लोगों के मोबाइल चोरी हुए थे, उन्हें बरामदगी के बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी कर मोबाइल लौटाए जाएंगे।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान:
| बरामद वाहन | विवरण |
|---|---|
| एक्टिवा स्कूटी | एमजीएम अस्पताल पार्किंग से चोरी |
| यामाहा फासिनो | मानगो बस स्टैंड, सीतारामडेरा थाना क्षेत्र से चोरी |
| स्प्लेंडर प्लस | वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल |
तीनों वाहनों को जब्त कर लिया गया है। इनके इंजन और चेसिस नंबर के आधार पर अन्य मामलों की भी जांच की जा रही है।
गिरोह केवल मोबाइल चोरी तक सीमित नहीं था। पुलिस ने इनके पास से महिलाओं से छीने गए कई कीमती आभूषण भी बरामद किए हैं, जिनमें शामिल हैं:
- सोने का लॉकेट लगा मोती का माला
- चांदी की माला
- चांदी की चेन
- कान के टॉप
इन आभूषणों को संबंधित मामलों से जोड़कर पीड़ितों की पहचान की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर एमजीएम थाना क्षेत्र में दर्ज छह मामलों का खुलासा हुआ है। इनमें प्रमुख रूप से:
- महिला से सोने का लॉकेट छिनतई
- एमजीएम अस्पताल से दो मोबाइल चोरी
- पॉकेटमारी में नकदी चोरी
- अस्पताल पार्किंग से एक्टिवा स्कूटी चोरी
जैसी घटनाएं शामिल हैं।
इसके अलावा सीतारामडेरा थाना क्षेत्र में दर्ज स्कूटी चोरी के मामले का भी सफल उद्भेदन किया गया है।
जमशेदपुर पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में कई अपराधियों का आपराधिक इतिहास पहले से रहा है। विशेष रूप से:
- आकाश दत्ता उर्फ चेपा
- सावन देवगम उर्फ बच्चा
इन दोनों के खिलाफ चोरी, एनडीपीएस एक्ट तथा अन्य आपराधिक मामलों में पहले भी केस दर्ज हैं। पुलिस अब इनके पुराने रिकॉर्ड खंगाल रही है ताकि अन्य लंबित मामलों में भी इनकी भूमिका की जांच की जा सके।
लगातार बढ़ रही चोरी और छिनतई की घटनाओं को लेकर पुलिस पर कार्रवाई का दबाव था। एसआईटी की इस सफलता से न केवल कई लंबित मामलों का खुलासा हुआ है, बल्कि शहर में सक्रिय संगठित गिरोह की कार्यप्रणाली भी सामने आई है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बरामद मोबाइल और आभूषणों के आधार पर अन्य पीड़ितों की पहचान की जाएगी। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि चोरी के मोबाइल किन माध्यमों से बेचे जाते थे और गिरोह के अन्य सदस्य कौन-कौन हैं।
जमशेदपुर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उनका मोबाइल, स्कूटी या आभूषण चोरी हुआ है तो संबंधित थाना में दर्ज प्राथमिकी के साथ संपर्क करें। बरामद सामान का मिलान कर वैधानिक प्रक्रिया के बाद उन्हें वापस किया जाएगा।
फिलहाल सभी पांच आरोपियों को न्यायिक प्रक्रिया के तहत गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पुलिस का मानना है कि इस गिरफ्तारी से शहर में चोरी और छिनतई की वारदातों में कमी आएगी तथा अपराधियों के नेटवर्क का और बड़ा खुलासा होने की संभावना है।














